नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने दावा किया है कि उनका इंस्टाग्राम अकाउंट प्रतिबंधित (Restrict) कर दिया गया है। इस पर उन्होंने सोशल मीडिया कंपनी मेटा (Meta) की आलोचना करते हुए कहा कि वह सरकार के दबाव में काम कर रही है। केजरीवाल ने मेटा से अपील करते हुए कहा कि वह “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सामने इतना मत झुको।”
क्या है पूरा मामला?
अरविंद केजरीवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि उनका इंस्टाग्राम अकाउंट अचानक प्रतिबंधित कर दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसा इसलिए किया गया क्योंकि वह लगातार केंद्र सरकार और उससे जुड़े मुद्दों पर अपनी राय रख रहे थे।
केजरीवाल ने कहा कि लोकतंत्र में लोगों की आवाज दबाना सही नहीं है और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म को निष्पक्ष रहना चाहिए।
मेटा पर लगाए गंभीर आरोप
केजरीवाल ने अपने बयान में कहा कि मेटा जैसी बड़ी टेक कंपनियों को किसी सरकार के दबाव में नहीं आना चाहिए। उन्होंने लिखा कि अगर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म स्वतंत्र रूप से काम नहीं करेंगे, तो अभिव्यक्ति की आजादी प्रभावित होगी।
उन्होंने मेटा से अपील करते हुए कहा कि वह सभी यूजर्स के साथ समान व्यवहार करे और किसी राजनीतिक दबाव में फैसले न ले।
AAP ने भी उठाए सवाल
आम आदमी पार्टी के नेताओं ने भी इस मुद्दे को लेकर सवाल उठाए हैं। पार्टी का कहना है कि विपक्षी नेताओं की सोशल मीडिया गतिविधियों पर कार्रवाई लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है। AAP ने इस मामले में पारदर्शिता की मांग की है।
मेटा की ओर से क्या कहा गया?
फिलहाल मेटा की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। यह भी स्पष्ट नहीं है कि अकाउंट पर किस वजह से प्रतिबंध लगाया गया या यह कार्रवाई अस्थायी है या स्थायी।
सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस
केजरीवाल के दावे के बाद सोशल मीडिया पर इस मुद्दे को लेकर बहस तेज हो गई है। समर्थक इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का मामला बता रहे हैं, जबकि कुछ लोगों का कहना है कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म अपने सामुदायिक दिशा-निर्देशों के आधार पर भी कार्रवाई कर सकते हैं।
फिलहाल, मेटा की आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार किया जा रहा है।



